Hindi Language

भारत में बोलियों की लड़ाई और हिंदी भाषा का भविष्य

‘वर्तमान में भारत में हिंदी भाषा के संदर्भ में बोलियों की लड़ाई और हिन्दी के भविश्य पर गंभीर विमर्ष चल रहा है। हिंदी की जिन बोलियों के बलबूते हिंदी को पूरे विश्व में द्वितीय स्थान प्राप्त हुआ, अब वे ही अपना स्वतंत्र अस्तित्व तलाषने में लगी हैं। भोजपुरी, राजस्थानी, कुंमाउनी, गढ़वाली, छत्तीसगढ़ी, अवधी आदि बोलियां इस…Continue reading भारत में बोलियों की लड़ाई और हिंदी भाषा का भविष्य

Death

बीजिरपो(श्राद्ध हेतु धान)- जिस परिवार के पास कफन खरीदने की भी क्षमता न हो, वहाँ इस धान को बेचकर कफन खरीदा जाता है|

समाचार पत्रों-पत्रिकाओं में समय-समय पर खबर छपती है – एक परिवार, पैसे की कमी के चलते अपने कांधे पर ढोकर अपने परिजन का अंतिम संस्कार को ले गया अथवा एक व्यक्ति के अंतिम संस्कार के लिए कोई मद्दगार नहीं मिला तो बच्चे और महिलाएँ, पड़ोस के एक ठेले में लेकर गये आदि, आदि। इस तरह के समाचार से अलग-थलग अदिवासी कहे…Continue reading बीजिरपो(श्राद्ध हेतु धान)- जिस परिवार के पास कफन खरीदने की भी क्षमता न हो, वहाँ इस धान को बेचकर कफन खरीदा जाता है|

Karma Puja

क्या है सरना (sarna) धर्म ?

1. सरना (sarna) धर्म क्या है ? यह दूसरे धर्मों से किन मायनों में जुदा है ? इसका केन्द्रीय आदर्श और दर्शन क्या है ? 2. अक्सर इस तरह के सवाल पूछे जाते हैं। कई सवाल सचमुच जिज्ञाशा के पुट लिए होते हैं और कई बार इसे शरारती अंदाज में भी पूछा जाता है, कि गोया…Continue reading क्या है सरना (sarna) धर्म ?

History Of Kurukh Language

कुँड़ुख़ (kurukh) भाषा एवं तोलोङ सिकि (Tolong Siki) का इतिहास(कुँड़ुख़ कत्था अरा तोलोङ सिकि गही इतिङख़िरी) |

कुँड़ुख़ (kurukh) कत्था अरा तोलोङ सिकि(Tolong Siki) गही इतिङख़िरी (कुँड़ुख़ भाषा एवं तोलोङ सिकि का इतिहास) के संबंध में दो शब्द लिखकर मुझे हार्दिक खुशी हो रही है। संयोगवश, मैं तोलोङ सिकि (लिपि) के जनक डॉ. नारायण उराँव की धर्मपत्नी हूँ और शादी के बाद से ही मुझे तोलोङ सिकि की विकास यात्रा के घटना…Continue reading कुँड़ुख़ (kurukh) भाषा एवं तोलोङ सिकि (Tolong Siki) का इतिहास(कुँड़ुख़ कत्था अरा तोलोङ सिकि गही इतिङख़िरी) |